भुवनेश्वरः23अगस्तःअशोक पाण्डेयः
नये कारोबार के सिलसिले में 2005 में महेशखुण्ट,जिलाःखगडिया,बिहार से भुवनेश्वर आनेवाले आध्यात्मिक पुरुष हरिशंकर केजरीवाल का उनके भुवनेश्वर स्थित निवास पर सिंधुपूर्ण इन्क्लेव,प्लाट नं.862,मधुसूदननगर में 21अगस्त को रात्रि 11.36 बजे निधन हो गया। वे पिछले लगभग 6 महीनों से अस्वस्थ थे। अगस्त,1942 में जन्मे हरिशंकर केजरीवाल का अंतिम संस्कार पुरी स्वर्गद्वार में 22अगस्त को सनातनी परम्परा के अनुसार उनके बेटों तथा उनके सगे-संबंधियों आदि की उपस्थिति में सम्पन्न हो गया। उनकी पत्नी गीता देवी का निधन बहुत पहले हो चुका था। उनके तीन पुत्र श्री राजेश केजरीवाल,श्री संजय केजरीवाल एवं श्री अजय केजरीवाल जो अपना अलग-अलग कोरोबार भुवनेश्वर में करते हैं तथा सामाजिक जीवन जीते हैं। स्वर्गीय हरिशंकर केजरीवाल की तीनों बेटियों –अलका अग्रवाल,सुधा भुवानिया तथा उमा पनसारी का विवाह हो चुका है जो आनन्दमय तथा सुखी गृहस्थ जीवन जी रहीं हैं। स्वर्गीय हरिशंकर केजरीवाल को अपने सभी बेटों के कारोबार का मार्गदर्शन करना बहुत अच्छा लगता था। साथ ही साथ वे ब्राह्मणों के चरण-स्पर्शकर उनके आशीष लेना सदैव पसंद करते थे। भगवान जगन्नाथ उनके इष्टदेव थे। प्रतिमाह दिल्ली से प्रकाशित होनेवाली आध्यात्मिक मासिक पत्रिका दिव्य वैदिक संदेश जब उनको दिया जाता था तो वे उसे आद्योपांत पढते थे। गो-सेवा वे कभी नहीं भुलते थे। आध्यात्मिक प्रवचन आदि का वे नित्य श्रवण करते थे। उनके निधन पर मारवाडी सोसायटी,भुवनेश्वर के अध्यक्ष श्री संजय लाठ ने शोक व्यक्त करते हुए उनके प्रति अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि दी है। स्वर्गीय हरिशंकर केजरीवाल के सगे-संबंधियों में उद्योगपति श्री सुरेन्द्र कुमार डालमिया ने गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए यह बताया कि स्वर्गीय हरिशंकर केजरीवाल एक संवेदनशील पिता,अभिभावक,समाजसेवी तथा धार्मिक पुरुष थे। वे आजीवन पारिवारिक एकता को बचाये रखने का संदेश दिये।भुवनेश्वर मारवाडी सोसायटी,भुवनेश्वर मारवाडी युवामंच,भुवनेश्वर उत्कल प्रादेशिक मारवाडी सम्मेलन,भुवनेश्वर तेरापंथ समाज,भुवनेश्वर माहेश्वरी समाज,भुवनेश्वर मारवाडी महिला समिति तथा श्री परशुराम मित्रमण्डल आदि मारवाडी संस्थाओं ने स्वर्गीय हरिशंकर केजरीवाल के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
अशोक पाण्डेय










