आपके जीवन का
सत्य ही आपका धर्म-पिता है।
आपके जीवन की धर्म -माता आपका व्यावहारिक ज्ञान है।
आपके जीवन की दया ही आपका धर्म -भाई है।
और आपकी करुणा ही आपका धर्म- मित्र है।
आज का आपका पूरा दिन आपके मनोनुकूल सानंद में व्यतीत होगा।
-अशोक पाण्डेय
आपके जीवन का सत्य ही आपका धर्म-पिता है।










