हर समय हमारा समाज सत्य के साथ नहीं रहता है। ठीक इसी तरह हमारा हरेक रिश्ता विश्वास और भरोसे के लायक नहीं होता है। मेरे अनुचिंतन के प्रमाण के लिए आप क्रमशः श्रीरामचरितमानस और महाभारत की कथा जानें!
महाप्रभु जगन्नाथ जी आज से गुण्डीचा महोत्सव के केंद्र होंगे!
-अशोक पाण्डेय
हर समय हमारा समाज सत्य के साथ नहीं रहता है।










