-अशोक पाण्डेय श्रीक्षेत्र,शंखक्षेत्र,मर्त्य बैकुण्ठ,पुरुषोत्तम क्षेत्र कहें या श्रीजगन्नाथ पुरी धाम,यह प्राचीन काल से ही धर्म, दर्शन,साधना,आध्यात्मिक उन्नति, सनातनी संस्कारों और
भगवान पुरुषोत्तम स्वयं अच्छा आचरण करते हैं और उसके उपरांत वे अपने समस्त भक्तों को वैसा आचरण करने का नित्य









